मार्च 2026 की सीपीग्राम्स रिपोर्ट में 2 लाख से अधिक लंबित शिकायतों का खुलासा हुआ है। उत्तर प्रदेश और गुजरात जैसे राज्यों में सबसे अधिक मामले दर्ज हुए हैं, जबकि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर नागरिकों की भागीदारी तेजी से बढ़ रही है।
नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद बिहार की सत्ता अब सम्राट चौधरी के हाथों में है। विरासत बड़ी है और चुनौतियाँ उससे भी बड़ी-अब देखना है कि नया नेतृत्व कितना खरा उतरता है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा ‘नारी शक्ति’ के नाम लिखे पत्र ने महिला आरक्षण को लेकर उम्मीदें फिर जगा दी हैं, लेकिन 2029 तक के इंतजार पर सवाल भी खड़े हो रहे हैं। क्या यह वादा अब वास्तविक बदलाव में बदलेगा?
सासाराम के निकट गायघाट में अंबेडकर जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में विकास वैभव ने शिक्षा और उद्यमिता के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन लाने का आह्वान किया। उन्होंने जाति, संप्रदाय और लिंगभेद से ऊपर उठकर विकसित बिहार के निर्माण पर जोर दिया।
नीतीश कुमार के संभावित इस्तीफे की अटकलों के बीच बिहार की राजनीति गरमाई हुई है। उनके संकेत, बढ़ती प्रशासनिक हलचल और राजनीतिक समीकरण यह इशारा कर रहे हैं कि सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री पद के मजबूत दावेदार बनकर उभरे हैं—बस आधिकारिक घोषणा बाकी है।
करीब दो दशकों तक बिहार की सत्ता संभालने के बाद Nitish Kumar का मुख्यमंत्री पद छोड़ना सिर्फ एक राजनीतिक बदलाव नहीं, बल्कि एक बड़े पावर ट्रांजिशन और बदलते पॉलिटिकल नैरेटिव का संकेत है।