22.7 C
New Delhi
Tuesday, March 2, 2021

टिड्डियों से दो दो हाथ करने को केंद्र की मोदी सरकार उतरी मैदान में

नई दिल्ली: केन्द्र सरकार ने मंगलवार को बताया कि फसलों को नुकसान पहुंचाने वाली टिड्डी को कंट्रोल करने का अभियान देश के राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित नौ राज्यों में चलाया गया है। भारत में अप्रैल से ही टिड्डियों की समस्या है। व्यापक तौर पर उत्तरी राज्यों में टिड्डियों का झुंड मौजूद हैं। अमेरिकी संगठन एफएओ ने इस महीने भारत को सतर्क रहने के बारे में आगाह किया है।

तीन लाख हेक्टेयर क्षेत्र में नियंत्रण

कृषि मंत्रालय ने कहा कि टिड्डी सर्किल कार्यालयों (एलसीओ) के द्वारा 11 अप्रैल से 12 जुलाई तक करीब तीन लाख हेक्टेयर क्षेत्र में नियंत्रण उपाय किये गये। इसमें राजस्थान, मध्य प्रदेश, पंजाब, गुजरात, उत्तर प्रदेश और हरियाणा जैसे नौ राज्यों के 1.60 लाख हेक्टेयर का भू-क्षेत्र शामिल हैं।

Advertisement

इसके अलावा, राजस्थान, मध्य प्रदेश, पंजाब, गुजरात, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, हरियाणा और बिहार में 12 जुलाई तक राज्य सरकारों द्वारा 1,36,781 हेक्टेयर क्षेत्र में टिड्डी नियंत्रण कार्य किया गया है।

Advertisement

मंत्रालय ने कहा कि 12 और 13 जुलाई की रात में राजस्थान के 8 जिलों बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर, बीकानेर, श्रीगंगानगर, चूरू, झुंझुनू और अलवर, उत्तर प्रदेश के सीतापुर तथा गोंडा और हरियाणा के महेंद्रगढ़ एवं भिवानी जिलों में टिड्डी नियंत्रण अभियान चलाया गया।

60 नियंत्रण टीम तैनात

मंत्रालय के अनुसार राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में स्प्रे वाहनों के साथ 60 नियंत्रण टीमों को तैनात किया गया है। केंद्र सरकार के 200 से अधिक कर्मचारी टिड्डी नियंत्रण कार्यों में लगे हुए हैं।

इसके अलावा, राजस्थान के बाड़मेर, जैसलमेर, बीकानेर, नागौर और फलोदी में 15 ड्रोनों के साथ 5 कंपनियों को कीटनाशकों के छिड़काव के माध्यम से ऊंचे पेड़ों और दुर्गम इलाकों में मौजूद टिड्डियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए तैनात किया गया है।

एमआई-17 हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल

भारतीय वायु सेना ने भी एमआई-17 हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल करते हुए टिड्डियों के खिलाफ अभियान चलाया है। मंत्रालय ने कहा, ‘‘गुजरात, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, बिहार और हरियाणा में फसलों को कोई खास नुकसान नहीं हुआ है। हालांकि, राजस्थान के कुछ जिलों में फसलों को मामूली नुकसान हुआ है।

सरकार टिड्डियों को नष्ट करने के लिए नवीनतम प्रौद्योगिकी एवं उपकरणों का इस्तेमाल कर रही है। इससे अन्य स्थानों पर इसके फैलाव को रोका जा सकें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

लेटेस्ट अपडेट

error: Content is protected !!