भोजपुरः बाढ़ की विभीषिका के बीच राहत शिविरों और सामुदायिक रसोई की व्यवस्था को लेकर प्रशासन कितना गंभीर है, इसका जायजा लेने खुद भोजपुर के जिला पदाधिकारी मनेश कुमार मीणा प्रभावित लोगों के बीच पहुंचे। उन्होंने न सिर्फ बाढ़ पीड़ितों से मिलकर उनकी समस्याएं और जरूरतें जानीं, बल्कि उनके बीच वितरित किए जा रहे भोजन को खुद खाकर उसकी गुणवत्ता भी परखी। डीएम के इस कदम ने राहत व्यवस्था की जमीनी निगरानी को लेकर प्रशासन की सक्रियता को सामने ला दिया है।
जिला पदाधिकारी के निर्देश पर भोजपुर के बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत, बचाव और सुरक्षा अभियान लगातार जारी है। प्रभावित लोगों के लिए जिले में 78 सामुदायिक रसोई संचालित की जा रही हैं, जहां अब तक 93,490 से अधिक मील्स/थाली भोजन कराया जा चुका है।
243 नावों से राहत और बचाव अभियान
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षित आवागमन और राहत कार्यों के लिए 243 निजी नावों का परिचालन किया जा रहा है। इसके अलावा SDRF की 6 मोटर बोट और 4 बोट एंबुलेंस भी तैनात हैं। जरूरत पड़ने पर SDRF की ओर से त्वरित रेस्क्यू ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं।
25 मेडिकल कैंपों में 2,043 लोगों का उपचार
बाढ़ प्रभावित लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए जिले में 25 मेडिकल कैंप संचालित किए जा रहे हैं। आज इन शिविरों में 2,043 लोगों का उपचार किया गया, जबकि अब तक 10 हजार से अधिक लोगों का इलाज हो चुका है।
स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए 5,933 हैलोजन टैबलेट्स वितरित किए गए हैं और 22 स्थानों पर ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव कराया गया है।
पशुओं के लिए भी राहत व्यवस्था
बाढ़ प्रभावित इलाकों में पशुधन की सुरक्षा के लिए 6 पशु स्वास्थ्य शिविर संचालित किए जा रहे हैं। वहीं, जरूरत वाले क्षेत्रों की पहचान कर अब तक 350 क्विंटल पशुचारा वितरित किया जा चुका है।
13,321 पॉलिथीन शीट्स बांटी गईं
प्रभावित परिवारों को अस्थायी राहत देने के लिए अब तक 13,321 पॉलिथीन शीट्स का वितरण किया जा चुका है। जरूरत के अनुसार अन्य राहत सामग्री भी उपलब्ध कराई जा रही है।
24 घंटे अलर्ट मोड में प्रशासन
बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। त्वरित कार्रवाई के लिए पदाधिकारियों और कर्मियों की तीन शिफ्टों में 24×7 प्रतिनियुक्ति की गई है। प्रशासन का दावा है कि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई के लिए तंत्र को पूरी तरह सक्रिय रखा गया है।
आपात स्थिति में इन नंबरों पर करें संपर्क
जिला आपातकालीन संचालन केंद्र 24×7 सक्रिय है। किसी भी आपात स्थिति में 94723 98730 और 06182-221233 पर संपर्क कर सहायता प्राप्त की जा सकती है।




